रात्रि गश्त में भूपदेवपुर पुलिस की मुस्तैदी, गौवंश तस्करी की कोशिश नाकाम — फर्जी नंबर प्लेट वाली स्कॉर्पियो छोड़ फरार हुए आरोपी

Freelance editor Amardeep chauhan @ http://amarkhabar.com
रायगढ़, 30 अप्रैल।
जिले में चलाए जा रहे “ऑपरेशन शंखनाद” का असर अब साफ तौर पर जमीनी स्तर पर दिखाई देने लगा है। लगातार सख्ती के बीच भूपदेवपुर थाना क्षेत्र में पुलिस ने रात्रि गश्त के दौरान गौवंश तस्करी की एक और कोशिश को नाकाम कर दिया। हालांकि आरोपी अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गए, लेकिन पुलिस ने वाहन और महत्वपूर्ण साक्ष्य अपने कब्जे में ले लिए हैं।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, 28-29 अप्रैल की दरम्यानी रात पुलिस को सूचना मिली कि ग्राम कछार की ओर एक लाल रंग की स्कॉर्पियो में मवेशियों को क्रूरतापूर्वक भरकर ले जाया जा रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम सक्रिय हुई और ग्रामीणों के सहयोग से इलाके की घेराबंदी की गई। जैसे ही पुलिस और डायल 112 की टीम मौके पर पहुंची, वाहन सवार तस्करों ने भागने की कोशिश की। जल्दबाजी में वाहन खेत की मेड़ में फंस गया, जिसके बाद आरोपी वाहन छोड़कर अंधेरे में भाग निकले।

पुलिस द्वारा मौके पर छोड़ी गई स्कॉर्पियो (क्रमांक OR-02 BL-2698) की तलाशी लेने पर दो गौवंश बेहद खराब हालत में मिले। उनके पैर बंधे हुए थे और उन्हें बिना चारा-पानी के अमानवीय तरीके से रखा गया था। पुलिस ने तत्काल दोनों पशुओं को मुक्त कराया और सुरक्षित स्थान पर पहुंचाकर पशु चिकित्सकीय परीक्षण कराया। उनके लिए आवश्यक देखभाल की व्यवस्था भी की गई है।

घटनास्थल से एक मोबाइल फोन भी बरामद किया गया है, जिसे जांच में अहम सुराग माना जा रहा है। प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपियों ने वाहन पर मोटरसाइकिल का फर्जी नंबर प्लेट लगाया था, जिससे उनकी पहचान छिपाई जा सके।

भूपदेवपुर थाना में अज्ञात वाहन चालक के खिलाफ पशु क्रूरता निवारण अधिनियम, 1960 की धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस अब वाहन के इंजन और चेसिस नंबर के आधार पर आरोपियों की पहचान करने में जुटी है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

पूरी कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देशन और वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में भूपदेवपुर पुलिस टीम द्वारा अंजाम दी गई। इसमें थाना प्रभारी सहित अन्य पुलिसकर्मियों और डायल 112 स्टाफ की सक्रिय भूमिका रही।
पुलिस का कहना है कि जिले में गौवंश तस्करी के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और इस तरह की अवैध गतिविधियों में संलिप्त लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। साथ ही आम नागरिकों से भी अपील की गई है कि ऐसी किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें, ताकि समय रहते प्रभावी कदम उठाए जा सकें।
अन्य अधिक खबरों के लिए क्लिक करें https://amarkhabar.com/