बालिका की गरिमा पर हमला, पॉक्सो के तहत सख्त कार्रवाई

Freelance editor Amardeep chauhan @ http://amarkhabar.com
पुसौर में घर में घुसकर छेड़खानी, आरोपी युवक गिरफ्तार — रायगढ़ पुलिस का स्पष्ट संदेश: नाबालिगों के अपराध में कोई रियायत नहीं
रायगढ़, 29 जनवरी।
नाबालिग बालिकाओं की सुरक्षा को लेकर रायगढ़ पुलिस की शून्य सहनशीलता नीति एक बार फिर ज़मीनी स्तर पर प्रभावी होती दिखी है। थाना पुसौर क्षेत्र में बालिका से छेड़खानी के गंभीर मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी युवक को गिरफ्तार कर पॉक्सो एक्ट के तहत न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है।
यह कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रायगढ़ शशि मोहन सिंह के दिशा-निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अनिल कुमार सोनी एवं नगर पुलिस अधीक्षक मयंक मिश्रा के मार्गदर्शन में की गई।
घर की चारदीवारी भी नहीं रही सुरक्षित
प्राप्त जानकारी के अनुसार, पीड़िता 28 जनवरी को अपने परिजनों के साथ थाना पुसौर पहुंची और रिपोर्ट दर्ज कराई कि राहुल सिंह नामक युवक आए दिन उसके आने-जाने के दौरान अशोभनीय टिप्पणियां करता था। घटना वाले दिन सुबह जब पीड़िता के माता-पिता बाजार गए हुए थे और वह घर में अकेली खाना बना रही थी, तभी आरोपी घर का दरवाजा खटखटाकर अंदर घुस आया।
आरोपी ने पहले पीड़िता के पिता के बारे में पूछताछ की और घर में कोई न होने की जानकारी मिलने पर बालिका को अकेला पाकर अनुचित हरकतें शुरू कर दीं। पीड़िता के शोर मचाने पर उसकी दादी मौके पर पहुंचीं, तब आरोपी मौके से फरार हो गया। बाद में पीड़िता ने पूरी घटना की जानकारी अपने परिजनों को दी, जिसके बाद पुलिस में शिकायत दर्ज कराई गई।
पॉक्सो एक्ट के तहत अपराध दर्ज
पीड़िता की रिपोर्ट पर थाना पुसौर में अपराध क्रमांक 24/2026 दर्ज करते हुए
धारा 74, 75(2), 331(3) भारतीय न्याय संहिता एवं
धारा 8 पॉक्सो एक्ट के तहत अपराध पंजीबद्ध किया गया।
थाना प्रभारी निरीक्षक रामकिंकर यादव के नेतृत्व में उप निरीक्षक कुंदन लाल गौर, एएसआई उमाशंकर नायक एवं पुलिस स्टाफ ने तत्परता दिखाते हुए
आरोपी राहुल सिंह पिता मोहन सिंह, उम्र 26 वर्ष, निवासी पुसौर को गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय में प्रस्तुत किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।
एसएसपी का सख्त संदेश
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने मामले को गंभीर बताते हुए स्पष्ट कहा कि—
> “बालिकाओं और महिलाओं के विरुद्ध अपराध किसी भी परिस्थिति में स्वीकार्य नहीं हैं। पॉक्सो जैसे मामलों में कानून पूरी कठोरता से लागू किया जाएगा।”
उन्होंने आमजन से अपील की कि महिलाओं या नाबालिग बालिकाओं से जुड़ी किसी भी प्रकार की छेड़छाड़, अभद्र व्यवहार या अपराध की सूचना तुरंत नजदीकी थाना या डायल 112 पर दें। पुलिस हर पीड़ित के साथ मजबूती से खड़ी है।
समाज को चेतावनी, अपराधियों को संदेश
यह मामला एक बार फिर यह सवाल खड़ा करता है कि नाबालिगों की सुरक्षा केवल परिवार की नहीं, बल्कि पूरे समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। रायगढ़ पुलिस की यह कार्रवाई न सिर्फ पीड़िता को न्याय दिलाने की दिशा में कदम है, बल्कि ऐसे अपराध करने वालों के लिए कड़ा संदेश भी है कि कानून की नजर से बचना संभव नहीं।