बीयर की बोतल से शुरू हुआ टकराव, वर्दी की मर्यादा और व्यक्तिगत व्यवहार पर उठे सवाल

Freelance editor Amardeep chauhan @ http://amarkhabar.com
दुर्ग जिले में एक मामूली-सी घटना अब गंभीर बहस का रूप लेती जा रही है। बीयर की एक बोतल को लेकर पुलिस निरीक्षक (TI) और विभाग से बर्खास्त किए जा चुके एक आरक्षक के बीच हुआ विवाद चार दिन बाद सोशल मीडिया पर सामने आया, जिसके बाद यह मामला चर्चा के केंद्र में आ गया है।
जानकारी के अनुसार, रविवार देर रात करीब 12 बजे सुपेला थाना क्षेत्र में पदस्थ एक पुलिस निरीक्षक अपने भाई को छोड़ने दुर्ग के सिंधिया नगर की ओर जा रहे थे। इसी दौरान स्मृतिनगर चौकी के पास उनकी मुलाकात एक ऐसे व्यक्ति से हुई, जो पूर्व में उसी क्षेत्र में आरक्षक के पद पर तैनात था, लेकिन वर्तमान में सेवा से बर्खास्त किया जा चुका है। प्रारंभ में बातचीत सामान्य रही। बर्खास्त आरक्षक ने निरीक्षक का अभिवादन किया और कथित तौर पर साथ बैठकर बीयर पीने का आग्रह किया।
निरीक्षक द्वारा साफ तौर पर मना किए जाने के बावजूद, आरोप है कि आरक्षक ने बीयर की बोतल निकालकर जबरन थमाने की कोशिश की। यहीं से विवाद की चिंगारी भड़की। निरीक्षक ने बोतल लेकर जमीन पर फेंक दी, जिससे आरक्षक भड़क उठा और मौके पर तीखी कहासुनी शुरू हो गई। आसपास के लोगों के हस्तक्षेप से उस वक्त मामला शांत हो गया और दोनों अपने-अपने रास्ते चले गए।
लेकिन कहानी यहीं खत्म नहीं हुई। बताया जा रहा है कि बीयर की बोतल फेंके जाने से बर्खास्त आरक्षक इतना आक्रोशित हो गया कि उसने अपशब्द कहे और मारपीट पर उतारू हो गया। स्थिति बिगड़ती देख निरीक्षक ने आत्मरक्षा में एक मुक्का मारा, जिससे आरक्षक जमीन पर गिर पड़ा। उसके मुंह से खून निकलने की बात भी सामने आई है।
घटना के दो दिन बाद हालात तब और बिगड़ गए जब इसका वीडियो और तरह-तरह की बातें सोशल मीडिया पर वायरल होने लगीं। अफवाहों का बाजार भी गर्म हो गया और यहां तक कहा जाने लगा कि मौके पर गोली भी चली थी। हालांकि पुलिस अधिकारियों ने ऐसी किसी भी घटना से सख्ती से इनकार किया है और गोली चलने की खबर को पूरी तरह निराधार बताया है।
यह मामला अब केवल दो व्यक्तियों के बीच हुए विवाद तक सीमित नहीं रह गया है। सवाल उठ रहे हैं कि क्या वर्दी में या वर्दी से जुड़े लोगों का सार्वजनिक आचरण ऐसा होना चाहिए? वहीं दूसरी ओर, सोशल मीडिया पर अधूरी जानकारी और अफवाहों के सहारे किसी भी घटना को सनसनीखेज बना देने की प्रवृत्ति पर भी चिंता जताई जा रही है।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की पड़ताल कर रही है। सच क्या है और अफवाह क्या—यह जांच के बाद ही स्पष्ट होगा, लेकिन इतना तय है कि बीयर की एक बोतल से शुरू हुआ यह विवाद अब व्यवस्था, मर्यादा और जिम्मेदारी जैसे बड़े सवाल खड़े कर चुका है।